प्रदूषण पर निबंध/प्रदूषण युवा वर्ग के लिए एक समस्या | Essay on Pollution in Hindi.

प्रस्तावना:  विज्ञान के इस युग में जहाँ हमे कुछ वरदान मिले है .वही अभिशाप भी मिले है .और इसके अलावा ऐतिहासिक कहे या समाजिक बदलाव इसका हमारे युवा वर्ग पर बोहोत पड़ता है जिस प्रकार ए प्रदूषण विज्ञान की कोख में जन्मा वेसे ही कुछ ऐसे प्रदूषण है जो इंसान की सोच से पनपा है .

प्रदूषण का अर्थ

प्रदूषण का अर्थ प्रदूषण का अर्थ होता है .प्राकर्तिक संतुलन में दोष उत्पन्न करना जिस प्रकार शुद्ध वायु िलना शुद्ध जल ,ना मिलना शुद्ध खाध ,ना मिलना और शुद्ध वातावरण ना मिलना मतलव वातावरण में अशुद्धि ऊपर से अशांति ये सब परिस्थति हमारे युवा वर्ग पर बुरा प्रभाव डालती है .

प्रदूषण के प्रकार :-

प्रदूषण कई प्रकार के हो े है .जैसे वायु प्रदूषण ,जल प्रदूषण ,और धवनि प्रदूषण ये तो हुए प्रकर्तिक जो प्रकर्ति पर असंतुलन पैदा करने से उत्पन्न होता है .दूसरा हमारा सांस्कृतिक और दैनिक क्रिया में होने वाले कार्य जिसमे ना कुछ कुरुतियां पाई जाती है जो युवा वर्ग पर बुरा प्रभाव डालती है .जो की एक प्रदूषण का कारण हो सकती है .

प्रकृति पर प्रभाव डालने वाले प्रदूषण

वायु प्रदूषण :-

प्राकृतिक प्रभाव डालने वाला हानिकारक वायु प्रदूषण से हमारे युवा अक्सर घर से बहार रहते है .और जो वातावरण में विधमान कल कारखानों का धुँआ ,चौबीसो घंटे हवा द्वारा हमारे शरीर में जाता है .जिससे हमे साँस लेने में तकलीफ उत्पन्न करते है .मुंबई में तो पता चला है की जब छत पर कपड़े डालते है और जब कपड़े लेकर आते है तो तो उन कपड़ों में काले – काले कर्ण कपड़ों में जम जाता है .और यही कर्ण सांस के साथ मनुष्य के फेफड़ो में चले जाता है .इस वायु प्रदूषण को सबसे ज्यादा हमारा युवा वर्ग सहता है क्युकी उसे अक्सर के बहार रहना पढ़ता है .

जल प्रदूषण :-

जल द्वारा भी प्रदूैलता है .कल कारखानों का जो दूषित जल होता है .वो नदी नालो में मिलकर भयंकर प्रदूषण पैदा करते है .और यदि कभी बाड़ आये तो यही प्रदूषित जल सब जगह फैलकर पानी को दुर्घन्धित करता है .और यही दुर्घन्धित जल सभी नाली – नालो में घुल कर कई तरह की बीमारिया पैदा करता है .जो हमारे युवा वर्ग को नुकशान पोहचता है .

ध्वनि प्रदूषण :-

मनुष्य शांत वातावरण में रहना पसंद करता है .परन्तु आजकल कल कारखानों का शोर ,यातायात का शोर ,मोटर गाड़ियों का शोर ,लाउडस्पीकर ससे कर्ण भेदन ध्वनि , ने बहरेपन और हमारे युवा वर्ग के लिए तनाव की समस्या उत्पन्न हो कर दी है .

ये तो हुए प्राकर्तिक प्रदूषण जो हमारे वातावरण को प्रदूषित करके सभी उम्र के व्यक्ति और खाशकर युवा वर्ग के लिए बोहोत ही हानि करक सिद्ध हो रहा है .

युवा वर्ग के लिए सांस्कृतिक प्रदूषण एक समस्या

सांस्कृतिक कुप्रभावों का आज की पीढ़ी अंधाधुन इसका अनुसरण कर रही है .और इससे गर्व का विषय समझती है .चलचित्र प्रदूषण ,सोसल मिडिया ,नेटवर्किंग ,ये भी युवा वर्ग किए एक समस्या है .जो उन्हें हमारी संस्कृति की धरोहर से दूर करती जा रही है ,इे बेबज़ह के मनोरंजन और फ़ालतू के सोसल मिडिया ,और नेटवर्किंग का अत्यधिक प्रयोग से आज की युवा पीढ़ी गलत रास्ते पर भटक रही है .और अपने पारिवारिक कर्त्तव्य और अपने परिवार से दूर होती जा रही ,जो की बोहोत ही हानिकारक प्रदूषण है .इन सब से युवा वर्ग को ज्ञान तो कम ही मिलता है और उल्टा युवा पीढ़ी राह ज्याद भटक रही है .हमारे यहॉ के संस्कृतिक नेता ,और सरकार को हमारे आने वाली पीढ़ी के बारे में सोचते हुए .ऐसे मनोरंजन पर अंकुश लगाते हुए आने वाली पीढ़ी के भविष्य को बचाने के लिए कुछ तो करना होंगा ताकि हमारी युवा पीढ़ी अपनी संस्कृति को नहीं भूले .

युवा वर्ग के लिए राजनेतिक प्रदूषण एक समस

हमारे यहां के नेता ,और राजनेता आये दिन प्रदर्शन और रेलिया निकला करते है .जो की राजनैतिक प्रदूषण है .प्रदर्शन व् रेलिया की आड़ में आज की युवा पीढ़ी इन आंदोलनों का एक आकर्षक अंग बन गया है .हमारे देश के कुछ स्वार्थी नेता या राजनेता ,अपने काम को निकालने के लिए रोजगार का लालच या कुछ पैसे देकर इन युवा पीढ़ी को अपने स्वार्थ के लिए युवा पीढ़ी का यूज़ करती है .इन सब बेह्काबो में आकर हमारी युवा पीढ़ी इन प्रदर्शन और रैलियों का हिस्सा बन जाता है .और ए राजनेतिक प्रदूषण हमारी युवा पीढ़ी के लिए बोहोत बड़ी समस्या है .

उपसंहार

इस प्रकार देखा जाए तो हर तरह का प्रदूषण युवा वर्ग के लिए एक समस्या है .चाहे वो शारीरिक हो या मानसिक पर्दूषण ,प्रदूषण होता है .हर तरह के प्रदूषण में जल ,वायु ,ध्वनि ,इत्यादि आते है ,इन सब से बचने का एक ही उपाए है ,जगह – जगह हम पेड़ पौधे लगाए और कड़े कानून बनाये जिसके डर से इन प्रदूषण पर अंकुश लग सके इस्से हमारा शारीरिक स्वस्थ अच्छा रहेगा .और मानसिक स्वास्थ के लिए हमे हमारे विचारो में परिवर्तन लाना होग़ा सही विचार और सही सोच इन्शान को हमेशा स्वस्थ रखती है .इसलिए शारीरक और मानसिक दोनों रूप से युवा वर्ग को स्वस्थ रहकर इस समस्या से छुटकारा पाना होंगा.